शिक्षा व्यवस्था में सुधार और जवाबदेही की आवश्यकता

नई दिल्ली। शिक्षा मंत्री के पद से धर्मेंद्र प्रधान के इस्तीफे से जुड़े सवाल पर सामाजिक कार्यकर्ता सोनम वांगचुक ने प्रतिक्रिया देते हुए कहा कि केवल इस्तीफा देना पर्याप्त नहीं है, बल्कि इसके बाद व्यवस्था में सुधार होना भी जरूरी है।
उन्होंने कहा, “पूरी उम्मीद है कि सिस्टम में सुधार होगा, वरना इस्तीफे का कोई मतलब नहीं है।” वांगचुक ने आगे कहा कि इस्तीफा किसी भी बदलाव की शुरुआत हो सकता है, लेकिन उसका वास्तविक महत्व तभी है जब उसके बाद समस्याओं का समाधान किया जाए। उन्होंने कहा, “इस्तीफा एक शुरुआत है। कबूल होने के बाद अगर इलाज हो तो हमारा देश एक बेहतर देश बनेगा। इसकी शुरुआत हो चुकी है।”वांगचुक के इस बयान को शिक्षा व्यवस्था में सुधार और जवाबदेही की आवश्यकता पर जोर देने वाले संदेश के रूप में देखा जा रहा है।
